कानपुर/देहात|(विवके कुमार त्रिवेदी)उत्तर प्रदेश सरकार भले ही अपराधियों पर लगाम कसने के लिए कई तरीके अभियान और कानून बना कर अपराध कम करने में लगी हो लेकिन जनपद में अधिकारियो के ताल मेल के चलते पूर्व सरकार से लेकर आज तक अपराधियों के हौसले बुलंद नजर आरहे है और अधिकारियो की सरपरस्ती में दबंग अपराधी अपनी दबंगई के चलते सत्ता हासिल करने में लगे है एसा ही मामला जनपद के ब्लाक राजपुर में देखने को मिला जहा ब्लाक प्रमुखी के होने वाले अविश्वास प्रस्ताव को अधिकारियो ने अपनी मनमानी के चलते रोक दिया ओर मौजूदा ब्लाक प्रमुख के पक्ष में नोटिस लगा कर होने वाली अविस्वास प्रस्ताव की बैठक को स्थगित कर दिया | वही इस पुरे मामले में क्षेत्र के 55 क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने जिला प्रशासन की घोर निंदा कर ब्लाक समेत तहसील में जाकर धरना दिया और मांग पूरी न होने स्तीफा देने की बात कही |

 

पूरा मामला जनपद के ब्लाक राजपुर का है जहां क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने पूर्व सरकार में दबंगई की दम पर बने ब्लाक प्रमुख लाखन सिंह यादव की दबंगई ओर क्षेत्र में विकास कार्य न करने के चलते जिलाधिकारी से शिकायत की थी और ब्लाक प्रमुख के पद से हटाने की अपील की थी सदस्यों की शिकायत पर जिलाधिकारी ने दिनांक 23 /02/2018 को नोटिस को जारी कर ब्लाक राजपुर में सभी सदस्यों की अविश्वास प्रस्ताव की बैठक आज 11 बजे दोपहर प्रस्तावित किया था । लेकिन आज अचानक बैठक जिलाधिकारी व् एसडीएम के द्वारा स्थगित करने पर क्षेत्र पंचायत के 55 सदस्यों ने प्रसासन पर ब्लाक अध्यक्ष से मिली भगत का आरोप लगाया | जब की प्रशासन ने हाईकोर्ट के आदेश का हवाला दाते हुए ब्लाक राजपुर में नोटिस चस्पा कर आज की बैठक को स्थगित कर दिया | लेकिन हाईकोर्ट के आदेश में बैठक को स्थगित करने का कोई आदेश सामने नही आया | वही सदस्यों ने आरोप लगाया की जिला प्रशासन ने ब्लाक प्रमुख का साथ देकर हम लोगो के साथ छलावा किया है और हम लोगो को आज ब्लाक में अविश्वास प्रस्ताव की बैठक के लिए बुलाया गया था लेकिन जब ब्लाक में हम लोगो की कोई सुनवाई नही हुई तो हम लोगो ने तहसील सिकंदरा में आज तहसील का घिराव कर विरोध जताया और अगर जल्द अविश्वास प्रस्ताव की बैठक नही की गई तो हम लोग अपने पद से स्तीफा दे देगे |

 

बरहाल पुरे मामले में प्रशासन संदिग्ध नजर आरहा है | और पूर्व सरकार में बने ब्लाक प्रमुख को बचाता नजर आरहा है ऐसे साफ अंदाजा लगाया जा सकता है की मौजूदा प्रदेश सरकार की नीतियों की ये अधिकारी किस तरह से धज्जिया उडाता दिख रहा है |