पटना : सूचना एवं जनसंपर्क विभाग ने प्रात:कमल और हालाते बिहार अखबार को अपनी सूची से निष्कासित कर दिया है. सक्षम प्राधिकार द्वारा इस संबंध में गुरुवार को निर्णय लिया गया. दोनों अखबारों के नाम यौनशोषण के मामले में चर्चित हुए मुजफ्फरपुर बालिका गृह के संचालक ब्रजेश ठाकुर व मधु कुमार से जुड़े हैं. इन दोनों अखबारों का विज्ञापन जून से ही बंद कर दिया गया है.
 सक्षम प्राधिकार द्वारा ब्रजेश ठाकुर और मधु कुमार का एक्रिडेशन और पत्रकार बीमा को भी रद्द कर दिया गया है. सूचना एवं जनसंपर्क विभाग द्वारा समस्तीपुर, मुजफ्फरपुर और पूर्वी चंपारण जिले के जिलाधिकारियों को एक पत्र भेजा गया है. इस पत्र में उस जिले के जिलाधिकारियों से यह जांच करने को कहा गया है कि इन जिलों में प्रात:कमल और हालाते बिहार के प्रतिनिधियों के पूरे कार्यकलापों व इस मामले में संलिप्तता की जांच की जाये. साथ ही इसकी रिपोर्ट से विभाग को अवगत कराया जाये।
इन जिलों में प्रात:कमल और हालाते बिहार के प्रेस प्रतिनिधियों की संलिप्तता पायी जाता है तो उनका एक्रिडेशन और पत्रकार बीमा को रद्द कर दिया जायेगा. मालूम हो कि  ब्रजेश ठाकुर से जुड़ी संस्था द्वारा हिंदी में प्रात:कमल और उर्दू में हलाते बिहार नामक अखबार  प्रकाशित  किया जाता था. इसे राज्य सूचना एवं जनसंपर्क विभाग में सूचीबद्ध कराया  गया था.
प्रदेश सरकार के स्वास्थ्य विभाग ने गुरुवार को मुजफ्फरपुर बालिका गृह कांड के आरोपित ब्रजेश ठाकुर और उनके एनजीओ सेवा संकल्प एवं विकास समिति को विभाग से टर्मिनेट कर सभी करार खत्म कर दिया है. इस एनजीओ को एड्स कंट्रोल सोसाइटी में काम मिला हुआ था.