‘इतिहास में सिर्फ मुगलों का जिक्र, बारफुकन की वीरता की भी हो गाथा’- असम CM – only mention of mughals in history there should be story of bravery of barphukhan assam cm himanta biswa sarma – News18 हिंदी

0
22


हाइलाइट्स

लचित बारफुकन के 400वीं जयंती पर आज से तीन दिन का समारोह नई दिल्‍ली में शुरू.
इस दौरान असम सीएम ने प्रदेश की संस्कृति से वित्त मंत्री को रूबरू कराया.
कार्यक्रम के दौरान सरमा ने कहा कि इतिहास को नए नजरिए से देखने की जरूरत है.

नई दिल्ली. असम के प्रसिद्ध सेनापति लचित बारफुकन की 400वीं जयंती पर तीन दिन का समारोह आज से नई दिल्‍ली में शुरू हुआ. युद्ध नायक बारफुकन ने मुगलों से लोहा लिया था. कार्यक्रम के पहले दिन असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा और वित्तमंत्री निर्मला सीतारमन ने शिरकत की. इस दौरान असम के सीएम ने प्रदेश की संस्कृति से वित्त मंत्री को रूबरू कराया. इसके बाद कार्यक्रम का उद्घाटन समारोह हुआ. कार्यक्रम के दौरान सरमा ने कहा कि इतिहास को नए नजरिए से देखने की जरूरत है. इतिहास में सिर्फ मुगलों का ही जिक्र नहीं होना चाहिए. ऐसे वीरों के बारे में भी जिक्र किया जाना चाहिए.

इस कार्यक्रम का आयोजन लचित बारफुकन की वीरता के किस्से और उनके द्वारा किए गए बलिदान के बारे में असम सहित पूरे भारत के लोगों को जानने के मकसद से किया जा रहा है. कल यानी 24 नवंबर को इनके जन्मदिन पर गृहमंत्री अमित शाह और 25 नवंबर को पीएम मोदी इस कार्यक्रम को संबोधित करेंगे.

मालूम हो कि समारोह के दौरान लचित बारफुकन के जीवन और गौरवशाली इतिहास पर एक वृत्‍तचित्र और पुस्तिका का लोकार्पण किया जाएगा. लचित बारफुकन ने सरायघाट के प्रसिद्ध युद्ध में मुगलों को पराजित किया था. बारफुकन अहोम सेना के प्रसिद्ध सेनापति थे. इन्होंने मुगलों को पराजित किया था और औरंगजेब की बढ़ती महत्‍वाकांक्षाओं को रोक दिया था.

पढ़ें- क्यों साफसुथरे चुनावों की बात होते ही याद आने लगते हैं टीएन शेषन

बारफुकन छह सौ साल से अधिक असम पर शासन करने वाले अहोम दुनिया में सबसे लंबे तक शासन करने वालों में से एक हैं. जब अहोम ने साल 1671 में सरायघाट में शक्तिशाली मुगलों का सामना किया था उस समय वह गंभीर रूप से बीमार थे. इसके बावजूद उन्होंने आगे बढ़कर नेतृत्‍व किया और मुगलों को पराजित किया.

Tags: Assam CM, Himanta biswa sarma



Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here