ससुराल पक्ष पर दहेज हत्या का आरोप; हाईकोर्ट के आदेश पर हुआ दूसरा पीएम, मध्य प्रदेश सरकार ने दी सीबीआई (CBI) जांच की मंजूरी
भोपाल, 24 मई।
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में संदिग्ध परिस्थितियों में जान गंवाने वाली मॉडल और एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा (31) का उनकी मौत के 12 दिन बाद आखिरकार रविवार शाम को अंतिम संस्कार कर दिया गया। भोपाल के भदभदा विश्राम घाट पर भारी सुरक्षा व्यवस्था और अत्यंत गमगीन माहौल के बीच उनके भाई हर्षित शर्मा ने चिता को मुखाग्नि दी। अंतिम विदाई के समय मृतका की मां और अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था।
इससे पहले, मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के आदेश पर दिल्ली एम्स (AIIMS Delhi) के फॉरेंसिक विशेषज्ञों की विशेष टीम ने भोपाल पहुंचकर ट्विशा के शव का दोबारा पोस्टमॉर्टम (सेकंड पीएम) किया। ट्विशा के मायके पक्ष ने पहली पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के निष्कर्षों पर गंभीर सवाल उठाते हुए सबूतों से छेड़छाड़ की आशंका जताई थी।
दिल्ली एम्स की टीम ने 3 घंटे तक किया परीक्षण
ट्विशा के शव का पहला पोस्टमॉर्टम स्थानीय स्तर पर किया गया था, जिसे परिजनों ने कोर्ट में चुनौती दी थी। परिजनों की याचिका पर त्वरित सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने दिल्ली एम्स के डॉक्टरों के पैनल से दोबारा पोस्टमॉर्टम कराने के निर्देश जारी किए थे।
रविवार दोपहर दिल्ली से आई डॉक्टरों की टीम ने भोपाल के मोर्चरी रूम में करीब तीन घंटे तक सघन जांच की। इस दौरान मोर्चरी के बाहर ट्विशा के माता-पिता और भाई ढांढस खो बैठे और फूट-फूटकर रोने लगे। परिजनों ने बताया कि 12 दिन बीत जाने और पहले पोस्टमॉर्टम के कारण शव की पहचान करना मुश्किल हो रहा था, जिसके बाद ट्विशा के शरीर पर मौजूद जन्मचिह्नों (बर्थमार्क्स) की मदद से उसकी शिनाख्त की गई।
भाभी ने पहनाया लाल जोड़ा, मायके वालों ने दी विदाई
पोस्टमॉर्टम की जटिल प्रक्रिया पूरी होने के बाद रविवार शाम करीब 5 बजे डॉक्टरों ने शव परिजनों को सौंप दिया। इसके तुरंत बाद भदभदा मुक्तिधाम में अंतिम संस्कार की रस्में पूरी की गईं। नम आंखों से विदा करते हुए भाभी ने ट्विशा के पार्थिव शरीर को लाल जोड़े से सजाया। परिजनों ने बताया कि भीषण गर्मी और शव की नाजुक स्थिति को देखते हुए उन्होंने शव को नोएडा ले जाने के बजाय भोपाल में ही अंतिम संस्कार करने का कठिन फैसला लिया। ट्विशा की अस्थियां विसर्जन के लिए ऋषिकेश ले जाई जाएंगी।
क्या है पूरा मामला?
मूल रूप से नोएडा की रहने वाली पूर्व मिस पुणे और एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा की शादी दिसंबर 2025 में भोपाल की सेवानिवृत्त जिला न्यायाधीश गिरिबाला सिंह के वकील बेटे समर्थ सिंह के साथ हुई थी। शादी के महज छह महीने बाद ही, बीती 12 मई की रात को कटारा हिल्स स्थित उनके ससुराल में ट्विशा का शव संदिग्ध हालत में मिला था। ससुराल पक्ष ने इसे फांसी लगाकर आत्महत्या का मामला बताया था, जबकि मायके वालों का आरोप है कि ट्विशा की दहेज के लिए बेरहमी से हत्या की गई और मामले को दबाने के लिए शव को फंदे से लटका दिया गया।
मौत से कुछ घंटे पहले ट्विशा द्वारा अपनी मां, बहन और सहेली को भेजे गए व्हाट्सएप संदेश भी सामने आए हैं, जिसमें उन्होंने गंभीर प्रताड़ना की बात कही थी। उनके आखिरी संदेशों में से एक था— “मुझे बहुत घुटन हो रही है मां, ये लोग न मुझे रोने देंगे, न हंसने की वजह देंगे।”
आरोपी पति रिमांड पर, सीबीआई करेगी जांच
इस हाई-प्रोफाइल मामले में ट्विशा के ससुराल पक्ष के रसूखदार होने के चलते शुरुआती पुलिसिया कार्रवाई पर काफी सवाल उठे थे। बढ़ते जनआक्रोश और मायके पक्ष के विरोध के बाद पुलिस ने आरोपी पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह के खिलाफ दहेज मृत्यु और घरेलू प्रताड़ना (धारा 304B, 498A) के तहत मामला दर्ज किया। कई दिनों तक फरार रहने के बाद पुलिस ने आरोपी पति समर्थ को गिरफ्तार कर रिमांड पर लिया है।
इसी बीच, मृतका के पिता और पूर्व सैनिकों के दल द्वारा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मुलाकात किए जाने के बाद, मध्य प्रदेश सरकार ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए सीबीआई (CBI) जांच की सिफारिश को अपनी मंजूरी दे दी है। पुलिस की फॉरेंसिक टीमें अब भी सबूत जुटाने के लिए कटारा हिल्स स्थित घटनास्थल की सघन जांच कर रही हैं।
