एनटीवी टाइम न्यूज/ राजधानी दिल्ली सोमवार शाम उस वक्त दहल उठी जब लाल क़िले के पास खड़ी एक आई-20 कार में जोरदार धमाका हुआ। इस विस्फोट ने न केवल आसपास की कई गाड़ियों को उड़ा दिया बल्कि पूरे देश में सनसनी फैला दी। शुरुआती जांच में सामने आया है कि यह कोई सामान्य हादसा नहीं, बल्कि आत्मघाती हमला था — और इसका मास्टरमाइंड एक डॉक्टर निकला है।
दिल्ली पुलिस की प्रारंभिक जांच से पता चला है कि कार में केवल एक व्यक्ति मौजूद था — डॉ. उमर उ नबी, जिसने खुद को सुसाइड बम बनाकर धमाका किया। पुलिस सूत्रों के अनुसार, उमर का जन्म 24 फरवरी 1989 को हुआ था और वह जम्मू-कश्मीर के पुलवामा ज़िले के कोइल गांव का रहने वाला था। वह अल-फलाह मेडिकल कॉलेज, फरीदाबाद में डॉक्टर के रूप में कार्यरत था।
जांच में सामने आया है कि धमाके में इस्तेमाल हुई आई-20 कार (HR26CE7674) पहले दो बार बिक चुकी थी। आखिरी बार 10 दिन पहले फरीदाबाद निवासी एक व्यक्ति ने यह गाड़ी उमर को बेची थी। इससे पुलिस को स्पष्ट दिशा मिली है कि इस वारदात में फरीदाबाद और कश्मीर के नेटवर्क का गहरा संबंध है।
खुफिया एजेंसियों के मुताबिक, डॉ. उमर कथित रूप से डॉ. आदिल नामक व्यक्ति का करीबी सहयोगी था। दोनों टेलीग्राम पर सक्रिय एक कट्टरपंथी डॉक्टरों के ग्रुप से जुड़े हुए थे। यह समूह देशभर में युवाओं को धार्मिक उन्माद फैलाने और आतंकवादी गतिविधियों के लिए उकसाने का काम करता था।
उमर ने श्रीनगर के सरकारी मेडिकल कॉलेज (GMC) से एमडी मेडिसिन की पढ़ाई की थी। इसके बाद वह जीएमसी अनंतनाग में सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर के रूप में काम करता था। कुछ साल पहले वह दिल्ली शिफ्ट हुआ और फरीदाबाद के मेडिकल कॉलेज में जॉब जॉइन की। जांच एजेंसियों के अनुसार, दिल्ली आने के बाद ही वह ऑनलाइन कट्टरपंथी मॉड्यूल्स के संपर्क में आया था।
सोमवार शाम लाल किले मेट्रो स्टेशन के पास खड़ी आई-20 कार में हुआ धमाका इतना ज़ोरदार था कि आसपास की छह गाड़ियां पूरी तरह तबाह हो गईं और करीब 20 अन्य वाहन क्षतिग्रस्त हुए। अब तक नौ लोगों की मौत और 19 गंभीर रूप से घायल होने की पुष्टि हुई है। घायलों का इलाज लोकनायक अस्पताल और कश्मीरी गेट ट्रॉमा सेंटर में चल रहा है।
धमाके के तुरंत बाद दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल, एनएसजी, एनआईए, और अन्य केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियां जांच में जुट गई हैं। मौके से बरामद कार के अवशेष और रासायनिक नमूने फोरेंसिक लैब भेजे गए हैं ताकि यह पता लगाया जा सके कि विस्फोटक किस प्रकार का था।
दिल्ली पुलिस आयुक्त सतीश गोलचा ने घटनास्थल का निरीक्षण करने के बाद गृह मंत्री अमित शाह को पूरी स्थिति की जानकारी दी। इसके बाद अमित शाह खुद लोकनायक अस्पताल पहुंचे और घायलों का हाल जाना। उन्होंने डॉक्टरों को निर्देश दिया कि घायलों को हर संभव चिकित्सा सहायता दी जाए। इसके पश्चात उन्होंने लाल किले के पास के धमाका स्थल का भी दौरा किया और सुरक्षा एजेंसियों को सतर्क रहने के आदेश दिए।
जांच का फोकस – कैसे बनी सुसाइड कारफोरेंसिक और इंटेलिजेंस टीम अब इस बात की जांच में जुटी हैं कि उमर ने बम कहां और कैसे तैयार किया। माना जा रहा है कि फरीदाबाद में बरामद 2,900 किलो विस्फोटक सामग्री उसी नेटवर्क से जुड़ी थी, जिसका हिस्सा उमर भी था।
नई दिल्ली:अगर आप अपने मोबाइल फोन में नेट बैंकिंग, क्रेडिट कार्ड ऐप्स या किसी भी…
स्मार्टफोन क्रांति: भारत सरकार ने नोटिफाई की ₹62,500 करोड़ की नई मोबाइल मैन्युफैक्चरing स्कीम, कंपनियों…
UGC नियमों और आरक्षण के खिलाफ जंतर-मंतर पर बड़ा बवाल; पुलिस से झड़प के बाद…
संवाददाता महेश राठौड़ छिंदवाड़ा। मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले से प्रशासनिक लापरवाही और बुनियादी सुविधाओं…
Google AI Premium Offer: क्या है गूगल की नई योजना?Gemini Advanced and 2TB Cloud Storage:…
GST Registration: अब मात्र 3 दिनों में मिलेगा जीएसटी नंबर, केंद्र सरकार बदलने जा रही…