Home देश मुम्बई के शिवाजी पार्क में CJP का बड़ा प्रदर्शन; चुनाव आयुक्त के...

मुम्बई के शिवाजी पार्क में CJP का बड़ा प्रदर्शन; चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग, शबाना आज़मी और तुषार गांधी भी हुए शामिल

0

मुम्बई के शिवाजी पार्क में CJP का बड़ा प्रदर्शन; चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग, शबाना आज़मी और तुषार गांधी भी हुए शामिल

मुम्बई: मुम्बई के ऐतिहासिक शिवाजी पार्क में 2 अक्टूबर (गांधी जयंती) को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के बैनर तले एक विशाल जन-आंदोलन देखने को मिला. चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर हुए इस प्रदर्शन में मुंबई पुलिस द्वारा अनुमति न दिए जाने के बावजूद हजारों की संख्या में युवा, आम नागरिक और कई जानी-मानी हस्तियां सड़कों पर उतरीं.

CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके के नेतृत्व में इस विरोध प्रदर्शन को “जेल भरो आंदोलन” का रूप दिया गया, जिसके कारण दादर और शिवाजी पार्क के आसपास सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे.

क्या हैं आंदोलनकारियों की प्रमुख मांगें?

CJP के नेतृत्व में हो रहे इस प्रदर्शन की मुख्य मांगें हैं:

  1. मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार तुरंत अपने पद से इस्तीफा दें और उन पर आपराधिक मुकदमा चले.
  2. मतदाता सूची संशोधन (Special Intensive Revision) की प्रक्रिया को तुरंत फ्रीज किया जाए.
  3. मुख्य चुनाव आयुक्त की नियुक्ति प्रक्रिया को पारदर्शी बनाया जाए, जिसमें सिविल सोसाइटी की भागीदारी हो.

‘जेल भरो आंदोलन’ और पुलिस की सख्ती

मुम्बई पुलिस ने बॉम्बे हाई कोर्ट के आदेश और साइलेंस जोन का हवाला देते हुए इस प्रदर्शन को अनुमति देने से इनकार कर दिया था. इसके जवाब में CJP प्रमुख अभिजीत दिपके ने ‘जेल भरो आंदोलन’ की घोषणा की. प्रदर्शन को रोकने के लिए दादर रेलवे स्टेशन और शिवाजी पार्क के रास्तों पर भारी बैरिकेडिंग की गई थी, लेकिन प्रदर्शनकारी मैदान के गेट तक पहुंचने में कामयाब रहे. पुलिस सूत्रों के अनुसार, प्रदर्शन में लगभग 3,000 से 4,000 लोग जुटे.

ग्राउंड रिपोर्ट: आंदोलन के मंच से प्रमुख बयान

शिवाजी पार्क के विरोध प्रदर्शन में देश की कई बड़ी हस्तियों, एक्टिविस्ट्स और नेताओं ने हिस्सा लिया और मंच से अपनी आवाज बुलंद की:


शबाना आज़मी (दिग्गज अभिनेत्री): “बचपन से हम सुनते आ रहे हैं कि वोट देना हमारा अधिकार है, लेकिन जब वही अधिकार हमसे छीन लिया जाए, तो हम क्या करेंगे? हम विरोध करेंगे। हमें इसे बर्दाश्त करने की कोई जरूरत नहीं है, क्योंकि यह हमारा देश है और इस देश का संविधान हमें यह अधिकार देता है।”


अभिजीत दिपके (CJP संस्थापक): “‘One Nation One Election’ तो सिर्फ एक नारा है, असल में भाजपा ‘One Nation One Party’ चाहती है। वोट काटने के बाद भाजपा ने उन राज्यों में भी चुनाव जीत लिए, जहाँ वह पहले कभी नहीं जीत पाई थी। सरकार इतनी अक्षम है कि हमें दो महीने में दोबारा विरोध प्रदर्शन करना पड़ रहा है।” दिपके ने महाराष्ट्र के प्रशासन को चुनौती देते हुए कहा कि अगर हिम्मत है तो शिवाजी पार्क में जुटे प्रदर्शनकारियों को जेल भेजकर दिखाए.

तुषार गांधी (महात्मा गांधी के परपोते): आंदोलन में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के परपोते तुषार गांधी भी शामिल हुए और उन्होंने शांतिपूर्ण तरीके से विरोध दर्ज करा रहे युवाओं का समर्थन किया.

‘जेन नेक्स्ट मुंबई’ का काउंटर-प्रोटेस्ट

आंदोलन के दौरान शिवाजी पार्क में एक अन्य गुट भी नजर आया, जिसने खुद को “Gen Next Mumbai” बताया. इस समूह ने CJP के खिलाफ नारेबाजी की और CJP संस्थापक अभिजीत दिपके पर संविधान को नुकसान पहुंचाने वाली बातें करने का आरोप लगाया.

आगे क्या?

CJP नेताओं के मुताबिक, मुम्बई से शुरू हुआ यह आंदोलन यहीं नहीं थमेगा. आने वाले दिनों में देश के 6 अन्य प्रमुख शहरों में इसी तरह के प्रदर्शन किए जाएंगे, जिसका समापन अक्टूबर के अंत में नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर एक बड़ी रैली के साथ होगा.

NO COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version