नेपाल के हिमालय में भीषण हिमस्खलन: बेस कैंप में सो रहे 4 पर्वतारोहियों की मौत, 12 अब भी लापता
काठमांडू: नेपाल के हिमालयी क्षेत्र से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। यहाँ के एक बेस कैंप पर अचानक हुए भीषण हिमस्खलन (Avalanche) की चपेट में आने से 4 पर्वतारोहियों की मौत हो गई है, जबकि 12 लोग अब भी लापता हैं। राहत और बचाव कार्य (Rescue Operation) में जुटी टीमों को बेहद खराब मौसम और दुर्गम रास्तों के कारण घटनास्थल तक पहुँचने में 24 घंटे से अधिक का समय लगा।
सोते समय आई तबाही
मिली जानकारी के अनुसार, यह हादसा उस समय हुआ जब पर्वतारोही और उनके गाइड बेस कैंप के टेंटों में सो रहे थे। अचानक पहाड़ से बर्फ का एक बहुत बड़ा हिस्सा (ग्लेशियर) टूटकर नीचे आ गिरा। टेंटों में सो रहे लोगों को संभलने का मौका तक नहीं मिला और वे भारी बर्फ के नीचे दब गए।
24 घंटे बाद पहुँची रेस्क्यू टीम
हादसे की सूचना मिलने के तुरंत बाद प्रशासन ने रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया, लेकिन खराब मौसम, तेज बर्फीली हवाओं और भारी बर्फबारी के कारण बचाव दल को मौके पर पहुँचने में 24 घंटे से ज्यादा की देरी हुई।
- बचाव कार्य जारी: रेस्क्यू टीम ने अब तक 4 शवों को बर्फ से बाहर निकाल लिया है।
- लापता लोगों की तलाश: लापता 12 लोगों को ढूंढने के लिए खोजी कुत्तों और आधुनिक उपकरणों की मदद ली जा रही है।
- घायलों का रेस्क्यू: कुछ घायल पर्वतारोहियों को सुरक्षित निकालकर नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
खराब मौसम बना चुनौती
नेपाल पर्यटन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि ऊँचाई वाले इलाकों में दृश्यता (Visibility) बहुत कम है, जिससे हेलीकॉप्टर रेस्क्यू में भारी दिक्कतें आ रही हैं। लापता लोगों में कुछ विदेशी नागरिक और स्थानीय शेरपा (गाइड) शामिल बताए जा रहे हैं, हालांकि अभी तक उनकी आधिकारिक पहचान उजागर नहीं की गई है।
