( संवाददाता प्रफुल्ल तंवर )
शिवपुरी की नगरपालिका गायत्री शर्मा पर लगे आरोपों और हुई जांच के बाद माना जा रहा है कि वे पद से हटाई जा सकती हैं. इस बारे में नगरीय प्रशासन आयुक्त का भी बड़ा बयान सामने आया है…
एनटीवी टाइम न्यूज शिवपुरी/मध्य प्रदेश की नगरपालिका शिवपुरी में चल रहे घमासान के बीच एक बड़ी खबर है. पूर्व और वर्तमान सीएमओ पर हुई कार्रवाई के बाद अब ये तय माना जा रहा है कि नगरपालिका अध्यक्ष गायत्री शर्मा अपने पद से हटाई जा सकती हैं.

नगर पालिका शिवपुरी में मौजूदा पार्षदों ने अपने तरफ से जिन आरोपों को सामने रखकर उनके दस्तावेज जिला कलेक्टर के सामने रखकर जांच की बात करते हुए भ्रष्टाचार के आरोप नगर पालिका अध्यक्ष गायत्री शर्मा पर लगाए थे वह आरोप प्राथमिक जांच में सत्य पाए गए हैं.
इस मामले में नगरीय निकाय प्रशासनिक आयुक्त भोपाल की तरफ से जो बयान सामने आया है उसमें बताया गया है कि जिला कलेक्टर रविंद्र कुमार चौधरी की रिपोर्ट में नगर पालिका अध्यक्ष के खिलाफ भी आरोप सही पाए गए हैं और उन्हें कार्रवाई की जद में लाने के लिए एक प्रक्रिया के तहत लिया जाएगा.
इस बयान के बाद ऐसा माना जा रहा है कि नगर पालिका अध्यक्ष के खिलाफ सामने आए भ्रष्टाचार के आरोप के चलते उनका हटना तय है.
अब तक नगर पालिका शिवपुरी में 57 करोड रुपए के घोटाले सामने आ चुके हैं. इस मामले में नगर पालिका के वर्तमान सीएमओ सहित तीन सीएमओ को निलंबित किया गया है. वहीं 18 पार्षदों ने सामूहिक इस्तीफा देकर राजनीतिक माहौल भी गर्मा दिया है जिसमें भाजपा कांग्रेस और निर्दलीय पार्षद शामिल हैं.
बताया जा रहा है कि भाजपा और सिंधिया के राजनीतिक गढ़ में दोनों को लगने वाले डेंट से बचने के लिए नगर पालिका अध्यक्ष गायत्री शर्मा के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा सकती है.
ऐतिहासिक मामला
मध्य प्रदेश में यह अपने आप में ऐसा पहला ऐतिहासिक मामला है जिसमें 18 पार्षदों ने सामूहिक रूप से नगर पालिका से इस्तीफा दिया हो. जिसमें कांग्रेस भाजपा सहित निर्दलीय पार्षद शामिल रहे हो और उसके बाद उनके आरोपों को सही मानते हुए सरकार ने तीन सीएमओ को एक साथ निलंबित करने की कार्रवाई की हो.और अब खुद नगर पालिका अध्यक्ष को पद से हटाने की बात की जा रही है.