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त्योहारों में बरसेगा पैसा: दुर्गा पूजा से दिवाली तक बाज़ार में आएंगे ₹6.20 लाख करोड़, रिटेल सेक्टर में भारी बूम की उम्मीद

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त्योहारों में बरसेगा पैसा: दुर्गा पूजा से दिवाली तक बाज़ार में आएंगे ₹6.20 लाख करोड़, रिटेल सेक्टर में भारी बूम की उम्मीद

नई दिल्ली, 23 सितंबर 2026: भारतीय खुदरा बाजार इस साल अब तक के सबसे बड़े त्योहारी बिजनेस के लिए तैयार है। कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) द्वारा जारी ताजा आर्थिक पूर्वानुमान के अनुसार, दुर्गा पूजा से शुरू होकर दीपावली तक के अगले 29 दिनों के भीतर देश के बाजारों में ₹6.20 लाख करोड़ का रिकॉर्ड कारोबार होने की उम्मीद है। यह भारी नकदी प्रवाह भारतीय अर्थव्यवस्था और स्थानीय खुदरा व्यापारियों को एक बहुत बड़ा बूस्ट देगा।

पिछले सारे रिकॉर्ड्स को तोड़ेगा इस साल का कारोबार

साल 2025 में दिवाली के दौरान व्यापार ने ₹6.05 लाख करोड़ का ऐतिहासिक आंकड़ा छुआ था। हालांकि, बदलते ट्रेंड्स, बेहतर कंज्यूमर सेंटिमेंट और क्विक कॉमर्स (क्विक डिलीवरी ऐप्स) के बढ़ते चलन की वजह से इस बार व्यापारिक विश्लेषकों को पिछले सारे रिकॉर्ड टूटने की उम्मीद है। देश के टियर-2 और टियर-3 शहरों में ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूती की वजह से इस बार खरीदारी का एक नया पैटर्न देखने को मिल रहा है।

इन प्रमुख सेक्टर्स में दिखेगी सबसे ज्यादा चमक

बाजार जानकारों के मुताबिक, इस 29 दिनों की अवधि में ग्राहक एफएमसीजी और किराना सामानों पर सबसे ज्यादा खर्च करेंगे, जिससे इस सेक्टर में 48% से 50% तक की ग्रोथ देखी जा सकती है। इसके अलावा नवरात्रि, धनतेरस और दिवाली के शुभ मौकों पर पारंपरिक गहनों, कपड़ों, इलेक्ट्रॉनिक्स और होम डेकोर के शोरूम्स में भी भारी भीड़ उमड़ने का अनुमान है। हाल ही में सोने-चांदी की कीमतों में आई गिरावट भी इस मांग को बढ़ाने में मदद कर रही है।

‘वोकल फॉर लोकल’ और ‘स्वदेशी’ का दिखेगा बड़ा असर

इस साल भी भारतीय उपभोक्ताओं का झुकाव ‘मेड in इंडिया’ यानी स्वदेशी सामानों की तरफ बेहद मजबूत नजर आ रहा है। चीनी सामानों के विकल्प के रूप में भारतीय कारीगरों और स्थानीय ब्रांड्स द्वारा बनाए गए दीये, डेकोरेशन लाइट्स और गिफ्ट हैंपर्स की मांग आसमान छू रही है। इस ‘वोकल फॉर लोकल’ अभियान के कारण चीनी सामानों के व्यापार को बड़ा झटका लग सकता है, जिसका सीधा फायदा भारत के छोटे व्यापारियों और MSMEs को मिलेगा।

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