इंदौर में ‘अहिल्या उत्सव’ की धूम: आज आधे दिन की सरकारी छुट्टी, दोपहर 2 बजे से राजवाड़ा क्षेत्र में बदला रहेगा ट्रैफिक रूट
इंदौर। इंदौर की न्यायप्रिय शासिका और लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर के पारंपरिक पुण्यस्मरण दिवस ‘अहिल्या उत्सव’ पर आज, 10 सितंबर 2026 को पूरे शहर में विशेष उत्साह देखा जा रहा है। हिंदू पंचांग के अनुसार भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि पर मनाए जाने वाले इस लोक-उत्सव को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस ने सुरक्षा व व्यवस्था के कड़े इंतजाम किए हैं।
कलेक्टर का आदेश: आधे दिन का स्थानीय अवकाश
इंदौर कलेक्टर शिवम वर्मा के आदेशानुसार, अहिल्या उत्सव के इस पावन और ऐतिहासिक अवसर पर आज पूरे इंदौर जिले में दोपहर बाद आधे दिन का स्थानीय अवकाश (Local Holiday) घोषित किया गया है। दोपहर के बाद सभी शासकीय कार्यालय, स्कूल और संस्थान बंद रहेंगे, ताकि शहरवासी इस गौरवशाली सांस्कृतिक और धार्मिक आयोजन का हिस्सा बन सकें।
क्यों मनाया जाता है आज के दिन ‘अहिल्या उत्सव’?
अंग्रेजी कैलेंडर के अनुसार देवी अहिल्याबाई होल्कर का निधन 13 अगस्त 1795 को हुआ था, लेकिन इंदौर की परंपरा के मुताबिक उनका पुण्यस्मरण हमेशा हिंदू पंचांग की तिथि के अनुसार किया जाता है। भाद्रपद कृष्ण चतुर्दशी को उनके महाप्रयाण दिवस के रूप में याद करते हुए पूरा इंदौर शहर उनके प्रति कृतज्ञता प्रकट करता है। इंदौर को एक समृद्ध व्यापारिक राजधानी बनाने और देश भर के प्रमुख मंदिरों (जैसे काशी विश्वनाथ) का जीर्णोद्धार कराने वाली ‘मां’ अहिल्या के सम्मान में यह उत्सव सदियों से मनाया जा रहा है।
दोपहर 2 बजे से राजवाड़ा क्षेत्र में ‘नो-एंट्री’
आज शाम को निकलने वाली देवी अहिल्याबाई की भव्य पारंपरिक पालकी यात्रा और विभिन्न समारोहों के मद्देनजर इंदौर ट्रैफिक पुलिस ने विशेष एडवाइजरी जारी की है। दोपहर 2 बजे के बाद से राजवाड़ा और उसके आसपास के प्रमुख मार्गों पर सामान्य वाहनों की आवाजाही पर पूरी तरह रोक रहेगी।
- प्रतिबंधित मार्ग: मृगनयनी से राजवाड़ा, यशवंत रोड से राजवाड़ा, और खातीपुरा से राजवाड़ा की ओर जाने वाले रास्तों पर चार पहिया और भारी वाहनों की ‘नो-एंट्री’ रहेगी।
- वैकल्पिक व्यवस्था: ट्रैफिक पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे असुविधा से बचने के लिए मुख्य चौक के बजाय अंदरूनी लिंक रोड या रिंग रोड के वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें।
शाम को होगी महाआरती और पालकी यात्रा
उत्सव के तहत आज शाम ऐतिहासिक राजवाड़ा महल परिसर में देवी अहिल्याबाई होल्कर की प्रतिमा का आकर्षक श्रृंगार किया जाएगा, जिसके बाद भव्य महाआरती होगी। इस दौरान शहर के प्रमुख जनप्रतिनिधि, होल्कर राजवंश के प्रतिनिधि और हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहेंगे।
