Saturday, February 14, 2026

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UJJAIN : प्लास्टिक के सिलेण्डर महिलाओं की पसंद बने… ब्लास्ट होने का खतरा नहीं

उज्जैन में फाइबर गैस सिलेंडर की सप्लाई शुरू… हालाँकि माँग कम-वजन में भी हलके हैं यह सिलेण्डर

महिलाओं की सुरक्षा के लिए विशेष तकनीक से बनाए गए फाइबर व प्लास्टिक के गैस सिलेण्डर की सप्लाय शुरू हो गई है। हालांकि जिले में जागरूकता की कमी के कारण इनकी सप्लाय कम है, लेकिन अब यह महिलाओं की पहली पसंद बनते जा रहे हैं। उठाने में आसान, पारदर्शी व ब्लास्ट होने का खतरा नहीं, इतनी सुविधाएं देखकर महिलाएं वजनदार सिलेण्डरों को बदलकर फाइबर सिलेण्डर ले रही है।

खाद्य विभाग द्वारा जारी किए गए विभिन्न मानकों पर खरे उतरे गैस सिलेण्डरों की जानकारी देते हुए बताया कि प्लास्टिक के सिलेण्डर अब तेजी से डिमांड में हैं। दरअसल इंडियन ऑइल कंपनी ने दूरदराज रहने वाले सहित सभी लोगों के लिए फाइबर (कंपोजिट सिलेंडर) जैसे मटेरियल से बनाया है। इसका कुल वजन 16 किलो है। अभी लोहे के भरे सिलेंडर का वजन 31 किलो करीब होता है। नए सिलेंडर से हादसों में कमी आएगी। इसमें गैस लीकेज व ब्लास्ट का खतरा नहीं रहेगा। हाालांकि अभी इसकी डिमांड ज्यादा नहीं है, लेकिन अब जागरूकता के साथ धीरे धीरे यह पहली पसंद बन रहै हैं।

आग में भी खतरनाक नहीं होते

अधिकारियों का दावा है कि इसे आग में भी फेंक देंगे तो भी ब्लास्ट नहीं होगा। सेफ्टी के साथ वजन में भी कम है। इच्छुक लोग इसकी बुकिंग करा सकते हैं। इंडियन ऑइल कंपनी के सेल्स मैनेजर हर्षवर्धन ने बताया कि घरेलू गैस सिलेंडर को उठाने, घर में ले जाने सहित महिलाओं की अन्य समस्याओं को देखते हुए फाइबर जैसे मटेरियल से बने नए गैस सिलेंडर की सप्लाई शुरू कर दी है। यह सिलेंडर 10 किलो गैस के साथ कुल 16 किलो वजन का होता है। वर्तमान में लोहे वाले गैस सिलेंडर में 14 किलो गैस आती है। यह 890 रुपए में आ रहा है जबकि 10 किलो फाइबर का सिलेंडर 636 रुपए में मिल जाएगा। गैस के दाम बराबर ही है, लेकिन लोहे का सिलेंडर होने से उसका कुल वजन करीब 31 किलो हो जाता है। इससे भरे हुए सिलेंडर को हर कोई नहीं उठा सकता। महिलाओं को उसे उठाकर रसोई में ले जाने व लगाने में काफी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। ऐसे में कंपनी ने फाइबर के नए सिलेंडर शुरू किए हैं। महिलाएं भी इसे आसानी से एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जा सकती हैं। नया सिलेंडर पारदर्शी है। ऐसे में मोबाइल की लाइट या टार्च से सिलेंडर में कितनी गैस है, आसानी से देखा जा सकता है। गैस खत्म न होने से पहले आपको पता भी चल जाएगा।

फायदे एक नजर में

इस सिलेंडर में गैस कितनी बची, यह पता चलेगा। गैस चोरी हुई तो भी जानकारी मिल जाएगी। सामान्य सिलेंडर से वजन में लगभग आधा है। इसका वजन सिर्फ 10 किलोग्राम है। सिलेंडर का कुछ हिस्सा पारदर्शी है, जंगरोधी है। फर्श पर कोई दाग या निशान नहीं पड़ता।द्य यह आग लगने के दौरान नहीं फटता । नए सिलेंडर सुरक्षा की दृष्टि से अपने वजन में भी हलके हैं, जिससे महिलाओं को सुविधा होगी।शालू शर्मा , जिला खाद्य अधिकारी

नारायण शर्मा
नारायण शर्मा
एन टी वी टाइम न्यूज में मध्य प्रदेश-छत्तीसगढ़ के लिए काम करता हूं।
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