( संवाददाता प्रफुल्ल तंवर )
बीजेपी विधायक नरेंद्र कुशवाह और भिंड कलेक्टर के हंगामे पर जीतू पटवारी ने सरकार को घेरा, बोले- ‘ये बीजेपी के झूठ और पाखंड का पर्दाफाश’
एनटीवी टाइम न्यूज ग्वालियर/बीजेपी विधायक नरेन्द्र सिंह कुशवाह और कलेक्टर संजीव श्रीवास्तव के बीच हुई तीखी बहस और हंगामे के बाद अब यह मामला राजनैतिक तौर पर भी तूल पकड़ता जा रहा है. इस पूरे विवाद पर अब कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष जीतू पटवारी ने भी निशाना साधा है.जीतू पटवारी ने अब इस मामले में प्रदेश की मोहन यादव सरकार को घेरा.
दरअसल, भिंड में खाद संकट पर कलेक्टर और बीजेपी विधायक के बीच हुए हंगामे पर कांग्रेस भी सवाल खड़े कर रही है.दतिया में एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने भी ग्वालियर से गुजरते वक्त मीडिया के बीच सरकार को घेरा है.
खाद की कमी नहीं तो किसान को यातनाएं क्यों?
जीतू पटवारी ने कहा, “भारतीय जानता पार्टी का करप्ट प्रशासन है. इस बात का एहसास आज उनके विधायक ने करा दिया है. कांग्रेस कहती है मोहन का एक ही मिशन है ’50 प्रतिशत से ज्यादा हो कमीशन’ आज ये नारा सिद्ध हो गया. यूरिया बहुत है, डीएपी की कमी नहीं है फिर विधायक खाद के लिए कलेक्टर से झगड़ा क्यों कर रहा है? खाद की लाइने क्यों लगी हैं और डंडे क्यों चल रहे हैं? खाद की कमी नहीं है तो यातनाएं क्यों?

नेता गुंडा या कलेक्टर भ्रष्ट, यह अराजकता का सबूत : पटवारी
जीतू पटवारी ने कहा, ” इनके (बीजेपी) पाखंड और झूठ का पर्दाफाश हो रहा है. या तो इनकी पार्टी के विधायक नेता गुंडागर्दी कर रहे हैं या कलेक्टर करप्शन कर रहा है, जिसका मतलब है अराजकता तो है.” जीतू पटवारी ने अपने बयान के साथ-साथ इस मुद्दे को लेकर विधायक और कलेक्टर के बीच हंगामे का वीडियो अपने सोशल मीडिया पर भी पोस्ट करते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव, केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और पीएम मोदी पर भी निशाना साधा है.
सरकार अपने विधायक से सीखे
उन्होंने अपने सोशल मीडिया हैंडल फेसबुक पर पोस्ट किया, ” मध्य प्रदेश के विधायक मित्रों! भिंड के अपने साथी विधायक श्री नरेंद्र सिंह जी कुशवाह से थोड़ी-सी प्रेरणा लें. आज उन्होंने कलेक्टर बंगले के बाहर धरना/प्रदर्शन किया और किसानों को खाद नहीं मिलने पर अपनी मुखर आपत्ति दर्ज करवाई. हो सकता है उनके ऐसे सार्वजनिक आचरण से कुछ विधायक असहमत हों, लेकिन किसान अधिकार के लिए उनकी इस आवाज को किसी भी कीमत पर अनसुना नहीं किया जा सकता. मुख्यमंत्री को संकट का हल करना ही होगा. “
सीएम, पीएम और शिवराज को भी घेरा
जीतू पटवारी ने आगे लिखा, ” डॉ. मोहन यादव जी, मप्र के लाखों किसान परेशान हैं, किसी को खाद नहीं मिल रहा है लेकिन, आपकी पूरी सरकारी ऊर्जा विपक्ष के खिलाफ झूठ फैलाने और सत्ता के षड्यंत्र बुनने में लग रही है. क्या आपने इसी संकीर्णता की शपथ ली थी? शिवराज सिंह चौहान जी, यदि भिंड के आक्रोश का थोड़ा भी असर आप तक पहुंचता, तो आपके गृह प्रदेश के किसानों को खाद के लिए तरसना नहीं पड़ता. लेकिन, आप भी तो राजनीतिक झूठ की खेती के, उन्नत और प्रगतिशील किसान हैं.”
जीतू पटवारी ने आगे लिखा, ” नरेंद्र मोदी जी, मप्र और पूरे देश के किसान जानना चाहते हैं कि काले कृषि कानूनों से शुरू हुए किसान विरोध की भाजपाई कहानी कब खत्म होगी? किसानों को कब बुनियादी सुविधाएं मिलेगी? कब उन्हें सरकार का ईमानदार साथ/समर्थन मिलेगा?”