देहरादून: उत्तराखंड की राजधानी देहरादून के सहसपुर थाना क्षेत्र स्थित बैरागीवाला गांव में एक मामूली विवाद ने सांप्रदायिक हिंसा का रूप ले लिया। पानी भरने को लेकर हुए विवाद में एक भाजपा कार्यकर्ता की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई, जिसके बाद पूरे इलाके में तनाव फैल गया। हत्या से आक्रोशित भीड़ और हिंदूवादी संगठनों (बजरंग दल, विश्व हिंदू परिषद) के कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा किया। उग्र भीड़ ने पत्थरबाजी की और मुख्य आरोपी के घर को आग के हवाले कर दिया। हालात को काबू में करने के लिए भारी पुलिस बल और पीएसी तैनात की गई है, इलाके में इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई हैं, और पुलिस ने हत्या के मामले में अब तक 4 लोगों को गिरफ्तार किया है।
क्या है पूरा मामला? प्राप्त जानकारी के अनुसार, शनिवार को बैरागीवाला गांव में सरकारी ट्यूबवेल से पानी लेने को लेकर विनोद (भाजपा ओबीसी मोर्चा के जिला सोशल मीडिया सह संयोजक) और उनके भाइयों (राजेश और अशोक) का गांव के ही पूर्व प्रधान इस्तिपाक के भतीजे इम्तियाज और उसके साथियों से विवाद हो गया था। कहासुनी इतनी बढ़ गई कि दूसरे समुदाय के 20-25 लोगों ने धारदार हथियारों और हथौड़े से विनोद और उनके भाइयों पर जानलेवा हमला कर दिया। इस बर्बर हमले में विनोद गंभीर रूप से घायल हो गए और अस्पताल में डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनके दोनों भाई भी गंभीर रूप से घायल हैं और उनका इलाज चल रहा है।
हत्या के बाद भड़का आक्रोश और आगजनी विनोद की मौत की खबर फैलते ही इलाके में तनाव का माहौल बन गया। रविवार को बजरंग दल, विश्व हिंदू परिषद के नेता और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग गांव में जुट गए। आक्रोशित भीड़ ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग को लेकर प्रेमनगर-पांवटा नेशनल हाईवे पर जाम लगा दिया। देखते ही देखते भीड़ बेकाबू हो गई और आरोपियों के घर पर पथराव शुरू कर दिया। इसके बाद उग्र भीड़ ने मुख्य आरोपी के घर में आग लगा दी। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई।
प्रशासन का कड़ा एक्शन: चला बुलडोजर, इंटरनेट बंद स्थिति बिगड़ती देख सहसपुर, विकासनगर, सेलाकुई और कालसी समेत कई थानों की फोर्स मौके पर बुलाई गई। प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई करते हुए इलाके में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियातन इंटरनेट सेवाएं अनिश्चित काल के लिए निलंबित कर दी हैं।
इसके साथ ही, पुलिस और प्रशासन की टीम बुलडोजर लेकर पहुंची और हत्या के आरोपियों के अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया। पुलिस ने इस मामले में 3 नामजद और 25 अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या और दंगे का मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 4 मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और बाकी फरार आरोपियों की तलाश के लिए दबिश दी जा रही है।
पुलिस की अपील देहरादून पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने और किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। फिलहाल गांव में तनावपूर्ण शांति है और चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल तैनात है। स्थिति पर ड्रोन और सीसीटीवी के जरिए लगातार नजर रखी जा रही है।


