एमपी में दिल दहला देने वाली वारदात: मक्के की रोटी के विवाद में बहनों ने जीजा संग मिलकर भाई को उतारा मौत के घाट, ऐसे खुली साजिश की परतें
मध्य प्रदेश के नर्मदापुरम जिले के पिपरिया से रिश्तों को शर्मसार कर देने वाला एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहाँ रक्षाबंधन के त्यौहार की खुशियों के बीच एक ऐसी खूनी स्क्रिप्ट लिखी गई, जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया है। महज मक्के की रोटी बनाने को लेकर हुए घरेलू विवाद में चार सगी बहनों ने अपने जीजा के साथ मिलकर अपने ही इकलौते भाई की बेरहमी से हत्या कर दी। वारदात को खुदकुशी का रूप देने के लिए आरोपियों ने शातिराना साजिश भी रची, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने पूरे मामले का भंडाफोड़ कर दिया।
कल्ले (मक्के) की रोटी और खूनी झड़प
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, घटना पिपरिया इलाके की है जहाँ बहनें रक्षाबंधन का त्यौहार मनाने मायके आई हुई थीं। रात के समय भाई बबलू अहिरवार ने मक्के (स्थानीय भाषा में कल्ले) की रोटी खाने की इच्छा जताई। खाना तैयार होने में देरी या किसी अन्य बात को लेकर भाई-बहनों में तीखी बहस शुरू हो गई।
यह बहस जल्द ही गंभीर मारपीट में बदल गई। वहां मौजूद परिजनों ने गुस्से में आकर लाठी-डंडों और घरेलू धारदार औजार से हमला कर दिया। हमले में आई गंभीर चोटों और अत्यधिक रक्तस्राव के कारण युवक की मौके पर ही मृत्यु हो गई।
पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलासा
घटना के बाद मामले को दूसरा रूप देने का प्रयास किया गया और घर को अंदर से बंद कर आरोपी वहां से निकल गए। शुरुआती सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए डॉक्टरों की टीम द्वारा शव का पोस्टमार्टम कराया गया। पीएम रिपोर्ट में मृतक के शरीर पर गंभीर चोटों के निशान पाए गए, जिससे यह स्पष्ट हो गया कि यह मामला सामान्य मृत्यु या खुदकुशी का नहीं बल्कि हत्या का है। फॉरेंसिक टीम और पुलिस की संयुक्त जांच के बाद घटना की कड़ियों को जोड़ा गया।
आरोपी पुलिस हिरासत में
पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस मामले में संलिप्त आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। इनमें मृतक के जीजा और बहनें शामिल हैं। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हत्या की प्रासंगिक धाराओं के तहत मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। इस घटना से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई है और पुलिस मामले की विस्तृत जांच में जुटी है।
