इंदौर में बड़ी कार्रवाई: 25.40 लाख की MD ड्रग्स के साथ ससुर-दामाद गिरफ्तार; पिता की बायपास सर्जरी के कर्ज ने बनाया तस्कर, राजस्थान से जुड़े तार
इंदौर न्यूज़ डेस्क (ntvtime): मध्यप्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में अवैध मादक पदार्थों और नशे के सौदागरों के खिलाफ इंदौर क्राइम ब्रांच ने एक और बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने शहर में जहर घोलने आए ससुर और दामाद की जोड़ी को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से 254 ग्राम हाई क्वालिटी एमडी (MD) ड्रग्स बरामद की गई है, जिसकी अंतर्राष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत 25 लाख 40 हजार रुपये बताई जा रही है।
सुपर कॉरिडोर पर घेराबंदी कर दबोचे गए तस्कर
क्राइम ब्रांच के डीसीपी राजेश त्रिपाठी के मुताबिक, मुखबिर से सूचना मिली थी कि मंदसौर की ओर से दो तस्कर बाइक पर बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित ड्रग्स लेकर इंदौर की तरफ आ रहे हैं। सूचना की पुष्टि होते ही क्राइम ब्रांच की विशेष टीम ने सुपर कॉरिडोर के पास रणनीतिक घेराबंदी की। जैसे ही बिना नंबर की पल्सर बाइक पर सवार दो संदिग्ध वहां पहुंचे, पुलिस ने उन्हें रोककर तलाशी ली। तलाशी के दौरान उनके पास से 254 ग्राम प्रतिबंधित एमडी ड्रग्स बरामद हुई, जिसके बाद दोनों को तुरंत हिरासत में ले लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की प्रोफाइल
पकड़ा गया मुख्य आरोपी समीर खान मंदसौर के पिपलिया मंडी का रहने वाला है। वह आठवीं पास है और सामान्य दिनों में लहसुन बेचने का काम करता है। वहीं उसका ससुर जाकिर हुसैन मंदसौर के सीतामऊ का निवासी है। जाकिर 12वीं पास है और आजीविका चलाने के लिए टोस्ट का ठेला लगाता है। यह दोनों पहली बार इतनी बड़ी खेप के साथ पुलिस के हत्थे चढ़े हैं।
पिता की सर्जरी का कर्ज बना जुर्म की वजह
शुरुआती पूछताछ में मुख्य आरोपी समीर खान ने जो खुलासा किया, उसने पुलिस को भी हैरान कर दिया। समीर ने बताया कि हाल ही में उसके पिता की बायपास सर्जरी (Heart Surgery) हुई थी। इलाज के भारी-भरकम खर्च के कारण उस पर लाखों रुपये का कर्ज चढ़ गया था। अपने लहसुन के धंधे में मुनाफा न होने और लेनदारों के बढ़ते दबाव के चलते उसने रातों-रात अमीर बनने और कर्ज चुकाने के लिए ड्रग्स तस्करी का शॉर्टकट चुना। इस काले कारोबार में उसने अपने ससुर जाकिर हुसैन को भी साझीदार बना लिया ताकि किसी को शक न हो।
राजस्थान से जुड़े हैं तस्करी के तार
पूछताछ में यह भी सामने आया है कि इस ड्रग्स सिंडिकेट के तार राजस्थान के सीमावर्ती इलाकों से जुड़े हुए हैं। आरोपी राजस्थान बॉर्डर से माल की खेप लेकर इंदौर और उसके आस-पास के इलाकों में सप्लाई करने के लिए आए थे। पुलिस अब इस बात की कड़ाई से जांच कर रही है कि इंदौर में यह डिलीवरी किसे दी जानी थी और इस नेटवर्क के मुख्य सप्लायर कौन हैं।
कड़ी धाराओं में मामला दर्ज
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ NDPS एक्ट की धारा 8/22 के तहत मामला दर्ज कर लिया है और उनकी बिना नंबर की पल्सर बाइक को भी जब्त कर लिया है। क्राइम ब्रांच दोनों को रिमांड पर लेकर उनके पूरे नेटवर्क और कंज्यूमर्स चैन को खंगालने में जुट गई है, ताकि इस पूरे रैकेट को जड़ से खत्म किया जा सके।
