Explore the website

Looking for something?

Monday, May 25, 2026

Enjoy the benefits of exclusive reading

TOP NEWS

गुलमर्ग में बड़ा हादसा...

- रस्सियों और सीढ़ियों के सहारे चलाया जा रहा है जोखिम भरा रेस्क्यू...

अमानक मसूर खरीदी मामले...

कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया के निर्देशानुसार जिले में रबी विपणन वर्ष 2026-27...

मध्यप्रदेश में इंदौर-पीथमपुर कॉरिडोर...

( संवाददाता प्रफुल्ल तंवर ) किसानों को उनकी भूमि का चार गुना मुआवजा देने...

“पानी पीने योग्य नहीं”,...

इंदौर (संवाददाता): "जल ही जीवन है" यह कहावत तो सबने सुनी है, लेकिन इंदौर...
Homeविदेशपाक ने ट्रंप को नोबेल पुरस्कार के लिए किया नामांकित, ट्रंप का...

पाक ने ट्रंप को नोबेल पुरस्कार के लिए किया नामांकित, ट्रंप का छलका दर्द, बोले-“मैं कुछ भी करूं मुझे नहीं मिलेगा”

पाकिस्तान ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा है कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को ‘‘हालिया भारत-पाकिस्तान संकट के दौरान उनके निर्णायक कूटनीतिक हस्तक्षेप और महत्वपूर्ण नेतृत्व के लिए” 2026 में नोबेल शांति पुरस्कार मिलना चाहिए। ट्रंप बार-बार संघर्ष को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने का श्रेय लेते रहे हैं, भले ही भारतीय अधिकारी इससे सहमत नहीं हों। ट्रंप से शुक्रवार को नोबेल के बारे में पूछा गया था, जिसके बाद पाकिस्तान की ओर से उन्हें नोबेल पुरस्कार के लिए नामांकित किया गया।

ट्रंप ने कहा कि उन्हें कई कारणों से यह पुरस्कार दिया जाना चाहिए, जिसमें भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव को कम करने में उनका काम और एक संधि की व्यवस्था करना शामिल है। उन्होंने कहा कि सोमवार को कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य और रवांडा के बीच शत्रुता समाप्त करने के लिए हस्ताक्षर किए जाएंगे। राष्ट्रपति ने कहा, ‘‘मुझे यह चार या पांच बार मिलना चाहिए था।” उन्होंने कहा, ‘‘लेकिन, वे मुझे नोबेल शांति पुरस्कार नहीं देंगे क्योंकि वे इसे केवल उदारवादियों को देते हैं।”

ट्रंप ने कहा है कि उन्हें भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध रोकने या रूस-यूक्रेन और इजराइल-ईरान संघर्षों में उनके प्रयासों के लिए नोबेल शांति पुरस्कार नहीं मिलेगा। ट्रंप ने शुक्रवार को अपने सोशल मीडिया मंच ‘ट्रुथ सोशल’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘मैं चाहे कुछ भी करूं, लेकिन मुझे नोबेल शांति पुरस्कार नहीं मिलेगा।” अमेरिकी राष्ट्रपति ने अपने पोस्ट की शुरुआत इस बात से की कि उन्हें यह बताते हुए “बहुत खुशी” हो रही है कि वह विदेश मंत्री मार्को रुबियो के साथ मिलकर कांगो और रवांडा के बीच संघर्ष रोकने के वास्ते एक “अद्भुत” संधि करा रहे हैं। इस संघर्ष को “अन्य युद्धों की तुलना में कहीं अधिक हिंसक रक्तपात और मौतों के लिए जाना जाता है और दशकों तक यह जारी रहा।

ट्रंप ने इस बात का उल्लेख किया कि रवांडा और कांगो के प्रतिनिधि इस संबंध में दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करने के लिए सोमवार को वाशिंगटन में होंगे। उन्होंने इसे ‘‘अफ्रीका के लिए और पूरी दुनिया के लिए एक महान दिन” बताया। ट्रंप ने हालांकि कहा कि उन्हें उनके किसी भी प्रयास के लिए नोबेल शांति पुरस्कार नहीं मिलेगा। ट्रंप ने कहा, ‘‘मुझे इसके लिए नोबेल शांति पुरस्कार नहीं मिलेगा। मुझे भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध रोकने के लिए नोबेल शांति पुरस्कार नहीं मिलेगा, मुझे सर्बिया और कोसोवो के बीच युद्ध रुकवाने के लिए नोबेल शांति पुरस्कार नहीं मिलेगा।” ट्रंप अनेक बार दावा कर चुके हैं कि अमेरिका ने भारत और पाकिस्तान के बीच मध्यस्थता कराई और संघर्ष रुकवाया।

नारायण शर्मा
एन टी वी टाइम न्यूज में मध्य प्रदेश-छत्तीसगढ़ के लिए काम करता हूं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version