Explore the website

Looking for something?

Saturday, July 18, 2026

Enjoy the benefits of exclusive reading

TOP NEWS

कक्षा छठवीं व ग्यारहवी...

डिंडोरी। पी.एम.श्री. स्कूल जवाहर नवोदय विद्यालय धमनगांव प्रभारी प्राचार्य अल्का विश्वकर्मा ने जानकारी...

मध्य प्रदेश के रीवा शहर में रविवार को एक होटल में उस समय...

विधानसभा क्षेत्र मिल्कीपुर अयोध्या...

विधानसभा क्षेत्र मिल्कीपुर अयोध्या के ग्राम सभा धौरहरा मुकुंदा पूरे रामलाल तिवारी का...

अज्ञात वाहन की चपेट...

डिंडौरी। जिले के विक्रमपुर चौकी क्षेत्र अंतर्गत ग्राम केलवारा में एक अज्ञात तेज...
Homeउत्तर प्रदेशनौकरी के नाम पर यौन उत्पीड़न के आरोपी की सशर्त जमानत मंजूर

नौकरी के नाम पर यौन उत्पीड़न के आरोपी की सशर्त जमानत मंजूर

दीपक तिवारी
प्रयागराज: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पुलिस विभाग में नौकरी दिलाने के नाम पर यौन उत्पीड़न और अश्लील वीडियो बनाकर वायरल करने के आरोपी की जमानत अर्जी सशर्त स्वीकार कर ली है. यह आदेश न्यायमूर्ति कृष्ण पहल ने नरेश मीणा उर्फ नरसाराम मीणा की जमानत अर्जी पर उसके अधिवक्ता कमलेश कुमार द्विवेदी व सौरभ द्विवेदी और सरकारी वकील की दलीलों को सुनकर दिया.
याची के खिलाफ आगरा के खंडौली थाने में दर्ज एफआईआर के अनुसार याची ने पीड़िता के साथ शारीरिक संबंध बनाने के लिए उसे यह कहकर धोखा दिया कि वह उसे उत्तर प्रदेश पुलिस में उसे भर्ती कराएगा. इसके लिये उसने पीड़िता से 9 लाख रुपये ले लिये. इसके बाद उसने पीड़िता के साथ यौन उत्पीड़न किया और उसका अश्लील वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया.
याची के अधिवक्ता ने तर्क दिया कि याची पूरी तरह निर्दोष है. उसे गलत तरीके से इस मामले में फंसाया गया है. उसका इस अपराध से कोई लेना-देना नहीं है. अपराधी का कोई आपराधिक इतिहास नहीं है. एफआईआर में 4 महीने की देरी हुई है. इस देरी का कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया गया है.
एजीए ने जमानत अर्जी का जोरदार विरोध किया, लेकिन इस तथ्य को नहीं नकारा कि याची का कोई आपराधिक इतिहास नहीं है. जमानत के समर्थन में यह भी कहा गया कि याची एक ईमानदार व्यक्ति के रूप में पीड़िता की देखभाल करने के लिए तैयार है. जैसे कि वह उसकी पत्नी हो पीड़िता वयस्क है. याची 21 सितंबर 2024 से जेल में बंद है. यदि उसे जमानत पर रिहा किया जाता है, तो वह जमानत की स्वतंत्रता का दुरुपयोग नहीं करेगा.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Exit mobile version