Bhopal Crime: मौत से एक दिन पहले भी वह घर से कहीं भटक गई थी, देखा तो पास की ही नाली में पड़ी थी। इसके बाद अगले दिन वृद्धा फिर घर से निकलने लगी तो कार्तिक ने उसके चेहरे पर मुक्के बरसा दिए थे। कुछ देर बाद ही वृद्धा की मौत हो गई थी। गोविंदपुरा थाना पुलिस ने आरोपित कार्तिक को हिरासत में लिया है।
भोपाल। उम्र के ढलते साये में याददाश्त कमजोर होने के कारण वृद्धा बार-बार घर से निकलकर कहीं दूर भटक जाती थी। इसी कारण उसका बेटा और बेटी दोनों उपेक्षा कर रहे थे। एक महीने पहले वह बेटा के घर पहुंची तो कुछ दिन बाद ही उसने बहन के घर भेज दिया। वहीं जब वृद्धा उनके घर से भी भटकी तो ढूंढकर बेटी ने वापस बेटे के घर पहुंचा दिया। इसी बात को लेकर वृद्धा का पोता कार्तिक परेशान हो गया था।
पोते के मारने से हुई दादी की मौत
मौत से एक दिन पहले भी वह घर से कहीं भटक गई थी, देखा तो पास की ही नाली में पड़ी थी। इसके बाद अगले दिन वृद्धा फिर घर से निकलने लगी तो कार्तिक ने उसके चेहरे पर मुक्के बरसा दिए थे। कुछ देर बाद ही वृद्धा की मौत हो गई थी। गोविंदपुरा थाना पुलिस ने आरोपित कार्तिक को हिरासत में लिया है।
पोते के खिलाफ मामला दर्ज
पूछताछ में उसने बताया कि एक दिन पहले नाली में गिरने के कारण आई चोट की वजह से महिला की मौत हुई है। पुलिस ने सोमवार को वृद्धा के शव का पीएम करवाया है। मंगलवार को उसका शार्ट पीएम मिलने के बाद मौत का कारण स्पष्ट होगा और उसी के अनुसार आरोपित के विरूद्ध केस दर्ज किया जाएगा।
गोरखपुर से बेटे के साथ रहने आई थी वृद्ध महिला
गोविंदपुरा थाना प्रभारी अवधेश सिंह तोमर ने बताया कि 95 वर्षीय अतवारी बाई गौड़ मूलत: उत्तरप्रदेश के गोरखपुर की रहने वाली है। उनका बेटा जीत बहादुर सिंह और बेटी भोपाल में रहती हैं। एक महीने पहले अवतारी बाई गोरखपुर से अपने बेटा-बेटी के पास भोपाल आई थीं। बेटा जीत बहादुर गौतमनगर क्षेत्र के निर्माणाधीन भवन में चौकीदारी करता है और परिवार के साथ वहीं रहता है।
अवतारी बाई परेशान थे बेटा और बहू
अवतारी बाई अक्सर घर से बिना बताए कहीं चली जाती थीं, जिससे स्वजनों को परेशानी होती थी। इसके बाद जीत की पत्नी ने परेशान होकर वृद्धा को टीटीनगर स्थित अपनी ननद के घर भिजवा दिया था। वृद्धा टीटीनगर से भी लापता हो गई थी, किसी तरह से उसे ढ़ूंढकर ननद ने वापस अपने भाई के घर भिजवा दिया था।
निर्माणाधीन भवन में मिला था वृद्धा का शव
आरोपित कार्तिक के बयानों के बाद पुलिस ने उस डॉक्टर से भी संपर्क किया, जिसने वृद्धा के नाली में गिरने के बाद उनका इलाज किया था। डॉक्टर ने दवाई के पर्चे और पूरी घटना पुलिस को बताई। साथ ही मकान के ठेकेदार के बयान भी लिए हैं, जिसने बताया कि उसे शाम करीब चार बजे वृद्धा का शव निर्माणाधीन भवन में मिला था। यही वजह है कि अब तक हत्या का केस दर्ज नहीं किया गया है। यदि नाली में गिरने से लगी चोट के कारण मौत की पुष्टि होती है तो आरोपित के विरूद्ध गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज किया जाएगा।