दिल्ली के वजीराबाद में सोशल मीडिया पर दोस्ती के बाद नाबालिग से दुष्कर्म, पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज
नई दिल्ली:
देश की राजधानी दिल्ली में महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। उत्तरी दिल्ली के वजीराबाद इलाके में सोशल मीडिया के जरिए दोस्ती बढ़ाकर एक नाबालिग लड़की को होटल में बुलाने और उसके साथ दुष्कर्म करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। घटना के बाद से ही आरोपी फरार है, जिसकी तलाश में पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।
सोशल मीडिया पर हुई थी पहचान
शुरुआती जानकारी के अनुसार, पीड़िता और आरोपी की मुलाकात कुछ समय पहले एक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए हुई थी। धीरे-धीरे दोनों के बीच बातचीत बढ़ी और आरोपी ने पीड़िता को वजीराबाद स्थित एक स्थानीय होटल में मिलने के बहाने बुलाया। आरोप है कि होटल के कमरे में आरोपी ने नाबालिग की बेबसी का फायदा उठाते हुए वारदात को अंजाम दिया और मौके से फरार हो गया।
पॉक्सो (POCSO) और BNS के तहत केस दर्ज
पीड़िता ने घर लौटकर अपने परिजनों को इस पूरी घटना की जानकारी दी, जिसके बाद परिवार ने तुरंत वजीराबाद थाने पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया और परिजनों के बयान के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संगीन धाराओं और पॉक्सो एक्ट (POCSO- संरक्षण अधिनियम) के तहत केस दर्ज कर लिया है।
होटल प्रबंधन भी जांच के दायरे में
इस मामले में पुलिस ने होटल के खिलाफ भी कड़ा रुख अपनाया है। स्थानीय प्रशासन और पुलिस टीमें इस बात की गहनता से पड़ताल कर रही हैं कि एक नाबालिग को होटल के कमरे में प्रवेश कैसे मिलने दिया गया। पुलिस ने जांच के लिए निम्नलिखित कदम उठाए हैं:
- CCTV फुटेज की जब्ती: होटल के एंट्री, एग्जिट और कॉरिडोर के सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग को कब्जे में लेकर खंगाला जा रहा है।
- रजिस्टर और आईडी कार्ड की जांच: गेस्ट रजिस्टर में आरोपी द्वारा दर्ज कराई गई एंट्री और पहचान पत्रों की सत्यता की जांच की जा रही है।
- नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई: यदि होटल प्रबंधन की ओर से नियमों की अनदेखी पाई जाती है, तो उनके खिलाफ भी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
विशेष टीमों का गठन, आरोपी की तलाश तेज
दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, फरार आरोपी की धरपकड़ के लिए कई विशेष टीमें गठित की गई हैं। तकनीकी सर्विलांस और मुखबिरों की मदद से आरोपी के संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर कानून के हवाले कर दिया जाएगा।
बढ़ती घटनाओं से सामाजिक और प्रशासनिक चिंता
राष्ट्रीय राजधानी में बच्चों के खिलाफ बढ़ते अपराधों ने एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था पर चिंता की लकीरें खींच दी हैं। सामाजिक संगठनों और स्थानीय निवासियों ने इंटरनेट के सुरक्षित उपयोग को लेकर जागरूकता बढ़ाने और सार्वजनिक व व्यावसायिक स्थलों पर सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने की मांग की है।


