Thursday, September 17, 2026

TOP NEWS

बिहार बाढ़ त्रासदी: 15...

बिहार बाढ़ से 15 जिलों में ₹10,000 करोड़ के नुकसान का अनुमान। केंद्रीय टीम ने लिया जायजा, पीड़ित परिवारों को ₹7,000 की तत्काल सहायता राशि जारी।

Box Office Clash: सिनेमाघरों...

आज बॉक्स ऑफिस पर करीना कपूर खान की 'दायरा' और कुणाल खेमू की 'वाइब' के बीच बड़ा क्लैश हो रहा है। सेंसर बोर्ड से 'A' सर्टिफिकेट मिलने के बाद दोनों फिल्मों को लेकर फैंस के बीच उत्सुकता बढ़ गई है। पूरी रिपोर्ट पढ़ें।

Lava Bold N4 Pro...

Lava Bold N4 Pro 5G भारत में लॉन्च हो गया है। ₹14,999 की शुरुआती कीमत वाले इस बजट 5G फोन में 6000mAh बैटरी, 120Hz डिस्प्ले और 50MP कैमरा जैसे धांसू फीचर्स मिलते हैं। पूरी जानकारी के लिए पढ़ें।

अरबों की मालकिन शकीरा...

Shakereh Khaleeli Case: जानिए भारत के इतिहास की वो खौफनाक मर्डर मिस्ट्री, जब एक करोड़पति महिला को उसके ही ढोंगी पति ने ताबूत में बंद कर जिंदा दफन कर दिया था।
Homeबिजनेससोने के गहने खरीदना हुआ और महंगा, सरकार ने हॉलमार्किंग फीस में...

सोने के गहने खरीदना हुआ और महंगा, सरकार ने हॉलमार्किंग फीस में की 67% की भारी बढ़ोतरी

त्योहारी और शादियों के सीजन से ठीक पहले सोना खरीदने की योजना बना रहे आम उपभोक्ताओं को सरकार ने बड़ा झटका दिया है। भारतीय मानक ब्यूरो (Bureau of Indian Standards – BIS) ने देश में सोने के आभूषणों पर लगने वाली हॉलमार्किंग फीस में लगभग 67% की भारी बढ़ोतरी कर दी है। सरकार द्वारा जारी नए संशोधनों (BIS Hallmarking Amendment Regulations, 2026) के तहत यह बदलाव 14 सितंबर 2026 से तुरंत प्रभाव से पूरे देश में लागू हो चुका है।

शुल्क में बदलाव के मुख्य बिंदु

  • सोने के गहनों पर नया चार्ज: सोने के प्रत्येक आभूषण (Per Article) की हॉलमार्किंग के लिए अब ग्राहकों या ज्वेलर्स को ₹45 की जगह ₹75 देने होंगे। यह सीधे तौर पर ₹30 प्रति पीस की बढ़ोतरी है।
  • चांदी के दामों में राहत: चांदी के आभूषणों की हॉलमार्किंग फीस में सरकार ने कोई बदलाव नहीं किया है। यह पहले की तरह ही ₹35 प्रति आर्टिकल पर बरकरार रहेगी।
  • मिनिमम बैच फीस में इजाफा: ज्वेलर्स के लिए प्रति बैच लगने वाली न्यूनतम कंसाइनमेंट फीस को भी ₹200 से बढ़ाकर ₹350 कर दिया गया है। ध्यान रहे कि इन सभी शुल्कों पर 18% GST अलग से लागू होता है।

⚠️ आम ग्राहकों की जेब पर असर

  • मेकिंग चार्ज में जुड़ेगा खर्च: तकनीकी रूप से यह फीस ज्वेलर्स द्वारा हॉलमार्किंग सेंटर्स को चुकाई जाती है। लेकिन मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि ज्वेलर्स इस अतिरिक्त बोझ को आभूषणों के मेकिंग चार्ज (Making Charges) या फाइनल बिल में जोड़कर आम ग्राहकों की जेब से ही वसूलेंगे।
  • हल्के आभूषण होंगे अधिक महंगे: यदि आप अंगूठी, कान के टॉप्स, या पतली चेन जैसे हल्के वजन वाले (Lightweight) आभूषण खरीदते हैं, तो उन पर प्रति ग्राम के हिसाब से मेकिंग चार्ज का बोझ काफी ज्यादा बढ़ जाएगा।

ज्वेलर्स एसोसिएशन (GJC) ने किया विरोध

इस अचानक हुई बढ़ोतरी के बाद देशभर के सराफा कारोबारियों और ज्वेलर्स में काफी नाराजगी है। ऑल इंडिया जेम एंड ज्वेलरी डोमेस्टिक काउंसिल (GJC) ने सरकार और BIS से इस फैसले की तुरंत समीक्षा करने की मांग की है।

ज्वेलर्स का तर्क है कि वैश्विक कारणों से सोने के दाम पहले से ही आसमान छू रहे हैं, ऐसे में हॉलमार्किंग चार्ज बढ़ने से त्योहारी सीजन के दौरान मिडिल क्लास ग्राहकों के लिए खरीदारी करना और ज्यादा बजट से बाहर हो जाएगा।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments