सऊदी अरब पर फिर बरसीं हूती मिसाइलें: सैन्य अड्डे और मस्जिद को भारी नुकसान, यमन की भीषण जंग में 500 से अधिक मौतें
रियाद/साना: यमन के हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के सीमावर्ती इलाकों और सैन्य ठिकानों को निशाना बनाते हुए एक बार फिर बड़ा बैलिस्टिक मिसाइल और ड्रोन हमला किया है। इस हमले में सऊदी अरब के एक सैन्य अड्डे और नागरिक इलाकों में स्थित एक मस्जिद को भारी नुकसान पहुंचने की खबर है। वहीं दूसरी ओर, यमन के भीतर हूतियों और सऊदी समर्थित सरकारी बलों के बीच छिड़ी भीषण जमीनी जंग में अब तक 500 से अधिक लोगों के मारे जाने का दावा किया जा रहा है।
हूतियों का दावा: शरूराह मिलिट्री बेस का कमांड रूम और हथियार डिपो तबाह
हूती विद्रोही समूह के सैन्य प्रवक्ता याह्या सारी ने सोशल मीडिया पर एक आधिकारिक बयान जारी कर इस बड़े सैन्य ऑपरेशन की जिम्मेदारी ली। हूतियों का दावा है कि उन्होंने सऊदी अरब के दक्षिणी हिस्से में स्थित शरूराह (Sharurah) मिलिट्री बेस पर एक साथ कई बैलिस्टिक मिसाइलों और सुसाइड ड्रोनों से हमला किया। प्रवक्ता के मुताबिक, इस ‘व्यापक ऑपरेशन’ में मिलिट्री बेस के मुख्य कमांड एंड कंट्रोल रूम और हथियार डिपो (Weapons Depots) को सीधे निशाना बनाकर तबाह कर दिया गया है।
हूतियों ने चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि सऊदी अरब ने यमन पर अपने हवाई हमले तुरंत नहीं रोके, तो आने वाले दिनों में सऊदी के अंदरूनी हिस्सों में इससे भी अधिक घातक और विनाशकारी हमले किए जाएंगे।
सऊदी अरब की पुष्टि: जीजान प्रांत में मस्जिद और रिहायशी इमारतों को नुकसान
दूसरी तरफ, सऊदी अरब के नागरिक सुरक्षा विभाग (Civil Defence) ने भी सीमावर्ती इलाके में मिसाइल गिरने की पुष्टि की है। सऊदी अधिकारियों के अनुसार, यमन सीमा से सटे जीजान (Jazan) प्रांत के अल-तुवाल (Al-Tuwal) गवर्नरशिप में एक प्रोजेक्टाइल आकर गिरा।
इस हमले की चपेट में आने से एक स्थानीय मस्जिद, कई रिहायशी मकानों और नागरिक वाहनों को गंभीर नुकसान पहुंचा है। सऊदी प्रशासन के मुताबिक, इस ताजा हमले में 2 आम नागरिक घायल हुए हैं, जिन्हें नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हालांकि, पिछले कुछ दिनों में सीमावर्ती इलाकों में हूतियों की तरफ से हुई लगातार गोलाबारी में कुल घायलों का आंकड़ा 73 तक पहुंच चुका है।
500 मौतों का सच: सऊदी नहीं, बल्कि यमन के भीतर छिड़ी है खूनी जंग
मीडिया रिपोर्ट्स और ग्राउंड सूत्रों के मुताबिक, सोशल मीडिया पर चल रहा 500 से अधिक मौतों का दावा सऊदी अरब के भीतर का नहीं है, बल्कि यह यमन के अंदर चल रहे भीषण गृहयुद्ध से जुड़ा है।
दरअसल, हूती विद्रोहियों ने हाल ही में लाल सागर (Red Sea) के बेहद रणनीतिक और अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए महत्वपूर्ण बाब अल-मंडेब जलडमरू मध्य (Bab al-Mandab Strait) और ऐतिहासिक मोखा (Mokha) बंदरगाह पर पूरी तरह से नियंत्रण कर लिया है। इस कब्जे के बाद यमन की सऊदी समर्थित सरकारी सेना और हूतियों के बीच ताइज़ और मोखा के इलाकों में भीषण जमीनी जंग छिड़ गई है।
यमनी सरकार ने इसे एक ‘दर्दनाक और चिंताजनक घटनाक्रम’ बताया है। इस खूनी संघर्ष में दोनों पक्षों के 500 से अधिक लड़ाके मारे जा चुके हैं, जबकि युद्ध के चलते 76,000 से अधिक आम नागरिक बेघर (विस्थापित) हो चुके हैं। हूतियों का कहना है कि सऊदी अरब के लड़ाकू विमानों ने पिछले 48 घंटों में यमन पर 129 से ज्यादा हवाई हमले (Airstrikes) किए हैं, जिसके जवाब में उन्होंने सऊदी सीमा के भीतर यह मिसाइलें दागी हैं।


