Thursday, October 1, 2026

TOP NEWS

इंदौर में महिला से...

Indore Crime: इंदौर में महिला से 4.16 करोड़ की बड़ी ठगी। कोर्ट केस में राहत दिलाने के नाम पर कारोबारी ने ऐंठे पैसे, मांगने पर दी धमकी। पुलिस ने दर्ज की FIR।

MP Soybean Registration 2026:...

MP Soybean Registration 2026: मध्य प्रदेश में सोयाबीन पंजीयन 3 अक्टूबर से शुरू हो रहा है। जानें रजिस्ट्रेशन की आखिरी तारीख, जरूरी दस्तावेज और बैंक खाता ₹1 वेरिफिकेशन का नया नियम।

Bhopal News: भोपाल में...

Bhopal News: भोपाल में 1982 बैच के रिटायर्ड IAS राकेश अग्रवाल की उनके घर में गला रेतकर हत्या। सबूत मिटाने के लिए आरोपी केयरटेकर ने खोला LPG सिलेंडर, जांच जारी।

BREKING NEWS महाराष्ट्र: पिकनिक...

• महाराष्ट्र के रायगढ़ स्थित दिवेआगर बीच पर बड़ा हादसा। पुणे की विनर्स एकेडमी के 8 छात्र समुद्र में डूबे। पिकनिक मनाने गए छात्रों के शव पुलिस ने बरामद किए। पूरी खबर पढ़ें।
Homeमध्य प्रदेशशहडोल में हैवानियत: जिला अस्पताल के डॉक्टर के घर अनाथ बच्ची पर...

शहडोल में हैवानियत: जिला अस्पताल के डॉक्टर के घर अनाथ बच्ची पर अत्याचार, काम में गलती होने पर गर्म चिमटे से दागा; रोते हुए पड़ोसी के घर पहुंची मासूम

शहडोल (मध्य प्रदेश): मध्य प्रदेश के शहडोल जिले से इंसानियत को झकझोर देने वाला एक बेहद हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहाँ कोतवाली थाना क्षेत्र की आशीर्वाद कॉलोनी में जिला अस्पताल में पदस्थ एक डॉक्टर दंपती पर 8 साल की एक मासूम अनाथ बच्ची को बंधक बनाकर प्रताड़ित करने और गर्म चिमटे से दागने का गंभीर आरोप लगा है। पीड़ित बच्ची किसी तरह हिम्मत जुटाकर डॉक्टर के चंगुल से भाग निकली और पड़ोसियों के घर पहुंचकर रोते हुए अपनी आपबीती सुनाई।

पड़ोसी के घर भागकर सुनाई खौफनाक कहानी

जानकारी के मुताबिक, पीड़ित बच्ची मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बांदा जिले की रहने वाली है, जिसके माता-पिता नहीं हैं। जिला अस्पताल के रेडियोलॉजिस्ट डॉ. बी.आर. प्रजापति और उनकी पत्नी करीब छह महीने पहले उसे बांदा से शहडोल लेकर आए थे। बच्ची का आरोप है कि डॉक्टर दंपती उससे दिनभर जबरन झाड़ू-पोछा और बर्तन जैसे घरेलू काम कराते थे। अगर काम करने में उससे जरा सी भी चूक या गलती हो जाती, तो उसे बेरहमी से पीटा जाता था।

मासूम ने बताया कि डॉक्टर की पत्नी ने उसके शरीर को कई जगह गर्म चिमटे और अन्य गर्म चीजों से दागा है। बुधवार शाम जब यातनाएं बर्दाश्त से बाहर हो गईं, तो बच्ची डॉक्टर के घर से भागकर पड़ोस में रहने वाली शांति नामक महिला के घर पहुंची। बच्ची की पीठ और शरीर पर जलने व गहरी चोटों के निशान देखकर स्थानीय लोग दंग रह गए, जिसके बाद तुरंत डायल-112 पुलिस को सूचित किया गया।

बाल कल्याण समिति के संरक्षण में बच्ची, दोबारा हुआ मेडिकल

घटना की सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और बच्ची को सुरक्षित रेस्क्यू कर थाने लाई। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए बाल कल्याण समिति (CWC) ने बच्ची को अपनी देखरेख और संरक्षण में ले लिया है और उसे फिलहाल शिशु गृह में रखा गया है।

बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष कल्याणी वाजपेयी ने बताया कि मासूम के साथ बेहद अमानवीय व्यवहार किया गया है। पहली मेडिकल रिपोर्ट में स्थिति पूरी तरह स्पष्ट न होने की आशंका के चलते समिति ने बच्ची का दोबारा मेडिकल परीक्षण कराया है। बच्ची इतनी डरी हुई है कि वह किसी भी हाल में डॉक्टर के घर वापस नहीं जाना चाहती।

आरोपों पर डॉक्टर की सफाई

मामले में नाम आने के बाद पुलिस ने डॉक्टर बी.आर. प्रजापति को पूछताछ के लिए थाने तलब किया। हालांकि, डॉक्टर ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को खारिज किया है। डॉक्टर का दावा है कि बच्ची उनकी पत्नी की रिश्तेदार है और वह यहाँ केवल घूमने के लिए आई थी। डॉक्टर की पत्नी ने भी बच्ची के साथ किसी भी तरह की मारपीट या प्रताड़ना से साफ इनकार किया है।

पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई जारी

शहडोल एएसपी अभिषेक दीवान के मुताबिक, बच्ची के बयान दर्ज कर लिए गए हैं और मामले की जांच महिला एवं बाल विकास विभाग व पुलिस की संयुक्त टीमों द्वारा की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मेडिकल रिपोर्ट और बयानों के आधार पर जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके अनुसार डॉक्टर दंपती के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments