सियासी घमासान: ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में PM की मिमिक्री पर भड़की भाजपा; कांग्रेस को बताया ‘जोकरों की पार्टी’
नई दिल्ली/इंदौर:
मध्य प्रदेश के इंदौर में कांग्रेस नेता राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को लेकर भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस के बीच एक नया और बेहद तीखा राजनीतिक टकराव शुरू हो गया है. शनिवार को आयोजित इस कार्यक्रम में मंच पर स्टैंड-अप कॉमेडियन पुलकीत मणि द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मिमिक्री की गई और इस दौरान पीएम मोदी की दिवंगत मां का भी जिक्र आया. मंच पर इस पूरे वाकये के दौरान राहुल गांधी की प्रतिक्रिया को लेकर भाजपा ने कांग्रेस को चौतरफा घेर लिया है.
दिग्गज नेताओं के बड़े बयान (Political Reactions)
इस पूरे घटनाक्रम पर दोनों पक्षों के प्रमुख नेताओं ने तीखी प्रतिक्रियाएं दी हैं, जो नीचे ब्लॉक फॉर्मेट में दी गई हैं:
किरेन रिजिजू (केंद्रीय मंत्री, भाजपा):
“कांग्रेस अब कोई गंभीर राजनीतिक दल नहीं रह गई है, बल्कि यह पूरी तरह से कॉमेडियन और जोकरों की पार्टी बन चुकी है. देश के मुख्य विपक्षी दल के नेता अब सोशल मीडिया ट्रोल्स की तरह व्यवहार कर रहे हैं और मंचों से अभद्रता को बढ़ावा दे रहे हैं.”
प्रह्लाद जोशी (केंद्रीय शिक्षा मंत्री, भाजपा):
“यह शर्मनाक और घिनौना कृत्य है! राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी नैतिक दिवालियापन के सबसे निचले पायदान पर गिर चुके हैं. छात्रों के साथ संवाद के लिए तय किए गए एक पवित्र मंच का इस्तेमाल देश के प्रधानमंत्री की दिवंगत मां का मजाक उड़ाने और उन्हें अपमानित करने के लिए करना, यह दिखाता है कि कांग्रेस में बुनियादी मानवीय संवेदना और राजनीतिक संस्कृति की कितनी भारी कमी है.”
पुष्कर सिंह धामी (मुख्यमंत्री, उत्तराखंड):
“राजनीति में वैचारिक मतभेद होना स्वाभाविक है, लेकिन एक दिवंगत मां कभी भी राजनीति या उपहास का विषय नहीं हो सकती. भारतीय संस्कृति और किसी भी सभ्य समाज में इस तरह की ओछी हरकतों को कतई स्वीकार नहीं किया जा सकता.”
सी.आर. केसवन (राष्ट्रीय प्रवक्ता, भाजपा):
“इंदौर के मंच पर जो कुछ भी हुआ, वह कांग्रेस की ‘अशिष्ट संस्कृति’ (Uncouth Culture) का एक और जीता-जागता उदाहरण है. जब एक कॉमेडियन प्रधानमंत्री और उनकी मां पर टिप्पणी कर रहा था, तब राहुल गांधी मंच पर बैठकर हंस रहे थे. यह उनकी संकीर्ण मानसिकता को उजागर करता है.”
राहुल गांधी (नेता प्रतिपक्ष, कांग्रेस):
“मौजूदा सिस्टम छात्रों से बेहद डरा हुआ और असुरक्षित महसूस करता है. ऐसा इसलिए है क्योंकि आज का छात्र सवाल पूछता है. छात्र पूछते हैं कि अमित शाह के बेटे क्रिकेट एसोसिएशन के चेयरमैन कैसे बन गए? छात्र पूछते हैं कि कैसे सिर्फ दो लोगों ने पूरे देश के व्यापार पर कब्जा कर लिया? सिस्टम को छात्र नहीं बल्कि ‘अंधभक्त’ चाहिए, क्योंकि अंधभक्त कभी सवाल नहीं करता.”
पी.सी. शर्मा (वरिष्ठ नेता, कांग्रेस):
“भाजपा सरकार और उनके नेता असल में राहुल गांधी जी से बुरी तरह डरे हुए हैं. मुख्य मुद्दों जैसे पेपर लीक, बेरोजगारी और शिक्षा व्यवस्था की बदहाली से जनता का ध्यान भटकाने के लिए भाजपा इस मिमिक्री वाले वाकये को बेवजह तूल दे रही है. राहुल गांधी मजबूती से युवाओं की लड़ाई लड़ रहे हैं.”
क्या था पूरा मामला?
इंदौर में आयोजित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के दौरान एक सत्र में स्टैंड-अप कॉमेडियन पुलकीत मणि ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आवाज, उनके विदेशी दौरों और सार्वजनिक रैलियों (जैसे एक बुजुर्ग महिला को कुर्सी देने वाले प्रसंग) की मिमिक्री की थी. इस एक्ट के दौरान कुछ ऐसी टिप्पणियां की गईं जिन्हें भाजपा ने सीधे तौर पर पीएम मोदी की दिवंगत माताजी का अपमान माना. उस समय राहुल गांधी भी मंच पर मौजूद थे और इन टिप्पणियों पर हंसते हुए नजर आए, जिससे यह पूरा विवाद गहरा गया और देशव्यापी राजनीतिक बहस का मुद्दा बन गया.


