वाशिंगटन/नई दिल्ली:
अमेरिकी रक्षा विशेषज्ञों और वैश्विक थिंक-टैंक की एक ताजा रिपोर्ट में भारत के ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की सफलता पर मुहर लगी है। रिपोर्ट के अनुसार, इस कार्रवाई ने पाकिस्तान के सालों पुराने ‘न्यूक्लियर ब्लफ’ (परमाणु धमकी) को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया है। भारतीय सेना के सटीक और आक्रामक हमलों ने इस्लामाबाद को रणनीतिक रूप से बैकफुट पर धकेल दिया है।
परमाणु धमकियों के बावजूद भारत का करारा प्रहार
रिपोर्ट में कहा गया है कि पाकिस्तान अक्सर भारत को रोकने के लिए अपने परमाणु हथियारों का डर दिखाता रहा है। हालांकि, ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान भारत ने पाकिस्तानी सीमा के भीतर गहराई तक जाकर आतंकी बुनियादी ढांचों और प्रमुख सैन्य ठिकानों को जिस तरह निशाना बनाया, उससे यह साबित हो गया कि पाकिस्तान की परमाणु क्षमता अब भारत के लिए कोई रोक नहीं है।
पाकिस्तान के लिए बोझ साबित हुआ न्यूक्लियर ब्लफ
अमेरिकी विश्लेषकों का मानना है कि इस टकराव के दौरान पाकिस्तान के परमाणु हथियार उसके लिए किसी काम नहीं आए, बल्कि अतिरिक्त तनाव का कारण बन गए। भारत की त्वरित मिसाइल और हवाई कार्रवाई के सामने पाकिस्तानी नेतृत्व असहाय नजर आया और उसे बैकफुट पर आने के लिए मजबूर होना पड़ा।
रणनीति बदलने पर मजबूर हुआ इस्लामाबाद
इस ऐतिहासिक असफलता के बाद पाकिस्तान को अपनी सैन्य नीति में भारी बदलाव करना पड़ा है। रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान अब केवल परमाणु धमकियों पर निर्भर रहने के बजाय अपनी पारंपरिक सैन्य क्षमताओं को सुधारने और नए रॉकेट फोर्स के गठन की तरफ ध्यान दे रहा है—जो इस बात का सबूत है कि उसका पुराना भ्रम हमेशा के लिए टूट चुका है।


