Friday, October 23, 2026

TOP NEWS

इंदौर: सरकारी डेंटल कॉलेज...

इंदौर: सरकारी डेंटल कॉलेज में जंग लगे औजारों से इलाज, 500 से अधिक...

गुरुग्राम में आधी रात...

गुरुग्राम में बिजली कर्मचारियों की हड़ताल से बड़ा संकट। आधी रात से कई इलाके अंधेरे में डूबे, पानी की सप्लाई ठप होने से मचा हाहाकार। महज 7 घंटे में मिलीं 5500 शिकायतें। पढ़ें पूरी रिपोर्ट।

दिग्विजय सिंह की यात्रा...

दिग्विजय सिंह की 'सत्य सनातन यात्रा' में स्कूली बच्चों से राजनीतिक नारे लगवाने पर NHRC सख्त। मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव और DGP को नोटिस जारी कर 2 हफ्ते में मांगी रिपोर्ट। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद बड़ा एक्शन। पूरी खबर पढ़ें।

कल करेंगे मुख्यमंत्री डॉ....

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 24 अक्टूबर को सरदारपुर में ₹2,387.60 करोड़ की नर्मदा-झाबुआ-पेटलावद-थांदला-सरदारपुर माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना का लोकार्पण करेंगे। इससे धार और झाबुआ जिलों के 260 गांवों की 57,422 हेक्टेयर कृषि भूमि को आधुनिक सिंचाई का लाभ मिलेगा। पूरी जानकारी पढ़ें।
Homeदेशअरुणाचल सीमा पर चीन से झड़पें जारी, पुरानी तकनीक से मुकाबला मुश्किल:...

अरुणाचल सीमा पर चीन से झड़पें जारी, पुरानी तकनीक से मुकाबला मुश्किल: ITBP DG

अरुणाचल सीमा पर चीन से झड़पें जारी, पुरानी तकनीक से मुकाबला मुश्किल: ITBP DG

नई दिल्ली:
भारत-चीन सीमा (LAC) की सुरक्षा का जिम्मा संभालने वाली भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) के महानिदेशक (DG) ने पूर्वी मोर्चे पर जारी तनाव को लेकर एक बेहद महत्वपूर्ण और बड़ा खुलासा किया है। एक आधिकारिक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए आईटीबीपी प्रमुख ने पुष्टि की है कि अरुणाचल प्रदेश में कई स्थानों पर भारतीय और चीनी सैनिकों के बीच गतिरोध की स्थिति बनी हुई है और यह तनाव लगातार जारी है।

सैन्य ताकत में चीन काफी आगे, आधुनिक युद्ध कौशल जरूरी

महानिदेशक ने वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) के मौजूदा हालातों और आधुनिक युद्ध तकनीकों पर खुलकर बात की। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में स्वीकार किया कि सैन्य ताकत और तकनीक के मामले में चीन काफी आधुनिक और आगे निकल चुका है। उनके मुख्य बयान इस प्रकार हैं:

  • पुराने तरीके अब बेअसर: आईटीबीपी के महानिदेशक के अनुसार, जिस तेजी से सीमा पर बुनियादी ढांचे और तकनीक का विकास हुआ है, उसे देखते हुए अब केवल पुराने या पारंपरिक तरीकों के बल पर चीनी सेना का मुकाबला करना बेहद मुश्किल है।
  • ड्रोन हैं युद्ध का भविष्य: उन्होंने जोर देकर कहा कि आधुनिक समय में ड्रोन और तकनीक ही युद्ध का भविष्य तय करेंगे। भारत को भी अपनी तकनीकी क्षमता को लगातार अपग्रेड करना होगा।
  • अंडरग्राउंड शेल्टर्स पर फोकस: सीमाई मोर्चों पर खुद को सुरक्षित रखने और दुश्मन को कड़ा जवाब देने के लिए स्थायी सुरक्षा ढांचे और अंडरग्राउंड शेल्टर्स (भूमिगत बंकरों) को और अधिक मजबूत करना हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए।

‘शौर्य कमांडो टीम’ ने संभाला मोर्चा

महानिदेशक ने बताया कि हाल ही में अरुणाचल प्रदेश के अलग-अलग दुर्गम इलाकों में जब चीन के साथ आमने-सामने की परिस्थितियां निर्मित हुईं, तब भारतीय सुरक्षा बलों ने सूझबूझ और आक्रामकता का परिचय दिया। इस गतिरोध के दौरान आईटीबीपी की नवगठित ‘शौर्य कमांडो टीम’ ने बेहद शानदार काम किया और चीनी सैनिकों की हरकतों का डटकर मुकाबला किया।

सीमा पर तनाव की बड़ी पुष्टि

रक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, पूर्वोत्तर सीमा पर चीनी सेना की हलचल बढ़ने और भारतीय गश्ती दलों को रोकने की खबरें लगातार आती रही हैं। लेकिन यह बेहद संवेदनशील मामला है जब भारतीय सुरक्षा बल के किसी इतने शीर्ष अधिकारी ने अरुणाचल सीमा पर जारी इस लाइव फेस-ऑफ और टकराव की बात कही है। इस बयान के बाद अब सीमा पर भारतीय सेना और आईटीबीपी दोनों को पूरी तरह से हाई अलर्ट पर रखा गया है।


RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments